सीएम के सामने फूट—फूट के रोए पीड़ित

0
379
  • सीएम ने दिया हर संभव मदद का भरोसा
  • मृतकों के परिजनों को 25 लाख व नौकरी देने की मांग
  • धारा 302 के तहत दोषियों पर दर्ज हो मुकदमा

    चमोली। बीते कल नमामि गंगे परियोजना के सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट में हुए हादसे के दूसरे दिन आज मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हादसे में घायल हुए लोगों का अस्पताल जाकर हालचाल पूछा, वही मृतकों के परिजनों से मिलकर उन्हें ढांढस बंधाया। मुख्यमंत्री धामी ने इस हादसे का शिकार हुए पुलिसकर्मियों को भी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान क्षेत्र वासियों में व्याप्त आक्रोश का सामना भी सीएम धामी को करना पड़ा।
    उल्लेखनीय है कि इस हादसे में 16 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 11 लोग घायल हुए हैं। जिनमें से 6 को कल ही ऋषिकेश एम्स लाया गया शेष 5 जिनका चमोली में (गोपेश्वर) इलाज चल रहा था, उन्हें भी मुख्यमंत्री के निर्देश पर ऋषिकेश एम्स लाया जा रहा है जिससे उन्हें बेहतर इलाज मिल सके। मुख्यमंत्री धामी ने कल ही इस हादसे की मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश भी जारी कर दिए थे तथा मृतकों के परिजनों को पांच पांच लाख व घायलों को एक—एक लाख की सहायता देने की घोषणा की गई थी।
    आज मुख्यमंत्री जब गोपेश्वर पहुंचे तो वहां उन्हें लोगों के आक्रोश का सामना भी करना पड़ा। दरअसल लोगों में इस बात को लेकर भारी गुस्सा है कि जो 16 लोग इस हादसे में मारे गए उनकी मौत का जिम्मेदार कौन है? लोगों ने मुख्यमंत्री से इस मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए दोषियों के खिलाफ 302 के तहत मुकदमा दर्ज कराने की मांग की तथा मृतकों के आश्रितों को सरकारी नौकरी देने तथा 25 लाख मुआवजा देने की मांग की। लोगों का कहना है कि जिन परिवारों में कोई कमाने वाला नहीं रहा उनका अब क्या होगा? लोगों ने घायलों को भी 10 लाख का मुआवजा देने की मांग की है।
    मुख्यमंत्री ने पीड़ितों को हर संभव मदद का आश्वासन देते हुए कहा कि सरकार उनके साथ है। पीड़ितों की मदद की जा रही है तथा घायलों को भी बेहतर इलाज की व्यवस्था सरकार कर रही है। इस अवसर पर उनके साथ काबीना मंत्री सतपाल महाराज, धन सिंह रावत व प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भटृ भी मौजूद थे।
  • अलकनंदा किनारे एक साथ 12 चितायें जलते देखते हुए द्रवित हुए लोग
    चमोली। चमोली हादसे में मारे गए 12 लोगों की चिंताएं आज एक साथ अलकनंदा नदी के तट पर जलती देख वहां मौजूद लोग अपने आंसू नहीं रोक सके, इस हादसे में 10 लोग एक गांव के मारे गए हैं। 3—4 गांवों के सैकड़ों लोग आज अलकनंदा के तट पर उस समय मौजूद थे जब उनका सामूहिक संस्कार किया जा रहा था। लोगों का कहना था कि इससे पूर्व ऐसा दुखद मंजर पहले उन्होंने कभी नहीं देखा है।

  • पीपलकोटी, चमोली व गोपेश्वर में शोक की लहर बंद रहे बाजार
    चमोली। बीते कल करंट लगने से 16 लोगों की मौत के बाद चमोली गोपेश्वर और पीपलकोटी में शोक की लहर है। हर तरफ शमशान के जैसा सन्नाटा पसरा है लोग परेशान हैं कि इतनी बड़ी संख्या में एक झटके में लोगों की मौत हो गई इस कारण लोगों ने आज अपनी दुकानें तक नहीं खोली चमोली, पीपलकोटी और गोपेश्वर बाजार आज बंद रहे। जहां—तहां लोग इस हादसे पर दुख व्यक्त करते दिखे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here