देहरादून। नौकरशाही पर लगाम कसने के लिए उत्तराखण्ड सरकार द्वारा कमर कस ली गयी है। एक और क्लास—1 अधिकारी पर गाज गिराते हुए उसे संस्पेड कर दिया गया है। आरोप है कि उक्त अधिकारी सीएम व कैबिनेट मंत्री का नाम लेकर विभाग को गुमराह करते थे। कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा द्वारा भी इसकी पुष्टि की गयी है।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार आईटीआई विभाग के सीनियर अधिकारी पी.के.धारीवाल मुख्यमंत्री एंव कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा का नाम लेकर विभाग को गुमराह करते रहे है।
बताया जा रहा है कि उन्होने तीन महीने से ड्यूटी ज्वाइन नहीं की बावजूद इसके उन्होने स्वंय के हस्ताक्षर करके इन तीन महीनों की सैलरी भी ले ली गयी।
कौशल विकास एंव सेवायोजन मंत्री सौरभ बहुगुणा ने बताया कि क्लास—1 आफिसर पी.के.धारीवाल ने हरिद्वार आईटीआई में भी ज्वाइन नहीं किया और उन्हे व विभाग को गुमराह करते रहे।
उन्होने बताया कि घोर लापरवाही बरतने पर सरकार ने उन्हे निलम्बित करने का निर्णय लिया है और उनके निलम्बन के आदेश जारी कर दिये गये है।



