August 11, 2026मुख्यमंत्री ने संगठनों की समस्याओं एवं मांगों के परीक्षण कर उचित समाधान के दिए निर्देश देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मंगलवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित मुख्य सेवक सदन में विभिन्न कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधिमंडलों ने भेंट की। प्रतिनिधिमंडलों ने अपने-अपने विभागों एवं संवर्गों से संबंधित विभिन्न समस्याओं एवं मांगों से मुख्यमंत्री को अवगत कराया। मुख्यमंत्री ने सभी प्रतिनिधिमंडलों की समस्याओं एवं मांगों को गंभीरता से सुनते हुए शासन के वरिष्ठ अधिकारियों को नियमानुसार परीक्षण कर यथोचित कार्यवाही एवं समस्याओं के उचित समाधान के निर्देश दिए।शिक्षा अधिकारी प्रशासनिक संवर्ग एसोसिएशन, उत्तराखंड के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों ने श्री गोविंद राम जायसवाल के नेतृत्व में मुख्यमंत्री से भेंट की।प्रतिनिधिमंडल ने निदेशक, अपर निदेशक, संयुक्त निदेशक एवं खंड शिक्षा अधिकारियों के रिक्त पदों पर विभागीय पदोन्नति किए जाने तथा कार्मिकों की परिवीक्षा अवधि पूर्ण होने के उपरांत स्वतः स्थायीकरण की व्यवस्था सहित विभिन्न समस्याओं के समाधान का अनुरोध किया।उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ, जल संस्थान के प्रतिनिधिमंडल ने उत्तराखंड जल संस्थान के राजकीयकरण की मांग मुख्यमंत्री के समक्ष रखी। वहीं, उत्तराखंड विश्वविद्यालय कर्मचारी महासंघ के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों में गैर-शैक्षणिक कार्मिकों के रिक्त पदों को भरे जाने, उत्तराखंड संस्कृत विश्वविद्यालय में गैर-शिक्षण कार्मिकों के पदों के पुनर्गठन तथा गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में कार्यरत प्रयोगशाला सहायकों को राज्य के अन्य विश्वविद्यालयों में कार्यरत प्रयोगशाला सहायकों के समान वेतनमान प्रदान किए जाने का अनुरोध किया।उत्तराखंड जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के प्रतिनिधिमंडल ने 25 अक्टूबर 2005 से पूर्व विज्ञापित पदों पर नियुक्त शिक्षकों को पुरानी पेंशन योजना में सम्मिलित किए जाने तथा वर्ष 2010 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों को टीईटी परीक्षा में शिथिलता प्रदान किए जाने का अनुरोध किया।इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संगठन, उत्तराखंड, उत्तराखंड एएनएम संवर्ग संगठन, लैब टेक्निशियन संगठन, राज्य निगम कर्मचारी अधिकारी महासंघ उत्तराखंड, माध्यमिक अतिथि शिक्षक संघ उत्तराखंड, अंशकालिक शिक्षक संघ तथा उत्तराखंड राज्य आबकारी निरीक्षक संघ के प्रतिनिधिमंडलों ने भी मुख्यमंत्री से भेंट कर अपने-अपने संवर्गों से संबंधित विभिन्न मांगों एवं समस्याओं से अवगत कराया।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु को निर्देश दिए कि विभिन्न संगठनों द्वारा रखी गई मांगों एवं समस्याओं का संबंधित विभागों के माध्यम से नियमानुसार परीक्षण कराते हुए उचित समाधान की दिशा में आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, सचिव शैलेश बगोली, दिलीप जावलकर, आयुक्त गढ़वाल आनंद स्वरूप, आईजी गढ़वाल श्री राजीव स्वरूप, अपर सचिव जे.सी. काण्डपाल सहित मुख्यमंत्री कार्यालय के अन्य अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से उत्तरकाशी के सामाजिक कार्यकर्ता व गंगा विचार मंच (नमामि गंगे, उत्तराखंड) के प्रांतीय/प्रदेश संयोजक लोकेंद्र सिंह बिष्ट ने भी भेंट की।
August 11, 2026पौड़ी। सावन मास में आयोजित प्रसिद्ध श्री नीलकंठ महादेव कांवड़ यात्रा लगभग अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। अटूट श्रद्धा और आस्था का अनुपम संगम बने इस महापर्व में 49 लाख से अधिक शिवभक्त एवं श्रद्धालु श्री नीलकंठ महादेव मंदिर में जलाभिषेक एवं दर्शन कर अपने गंतव्यक के लिए प्रस्थान कर चुके हैं।बता दें कि आज दोपहर 12 बजे तक लगभग 3 लाख श्रद्धालुओं द्वारा मंदिर पहुंचकर जलाभिषेक एवं दर्शन किया। यात्रा के समापन की ओर अग्रसर होने के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह और आस्था निरंतर चरम पर बनी हुई है।शिवभक्तों/श्रद्धालुओं की इस विशाल यात्रा को सुगम, सुरक्षित, व्यवस्थित एवं निर्बाध बनाए रखने हेतु पुलिस प्रारंभ से ही पूरी तत्परता, समर्पण और पेशेवर दक्षता के साथ प्रत्येक मोर्चे पर डटी हुई है। कठिन परिस्थितियों और अत्यधिक भीड़ के दबाव के बीच भी पुलिस अधिकारी एवं जवान पूरी संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन कर रहे हैं।
August 11, 2026तमकनाला आपदा की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं सीएम देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तमकनाला आपदा पर मॉनिटरिंग करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिये कि लोगों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।आज यहां चमोली जनपद के ज्योतिर्मठ—मलारी मोटर मार्ग पर तमकनाला में बेली ब्रिज बहने की घटना के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पूरे घटनाक्रम की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी चमोली एवं गढ़वाल मंडल आयुक्त से स्थिति की जानकारी लेते हुए राहत—बचाव, आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति और कनेक्टिविटी बहाली को लेकर स्पष्ट दिशा—निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में राशन, खाघ सामग्री, दवाइयों एवं अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति किसी भी स्थिति में बाधित नहीं होनी चाहिए। आवश्यकता पड़ने पर वैकल्पिक मार्गों एवं अन्य उपलब्ध माध्यमों से ग्रामीणों तक जरूरी सामग्री पहुंचाना सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने ज्योतिर्मठ—मलारी मोटर मार्ग पर आवाजाही को जल्द से जल्द बहाल करने के लिए सभी संभावित विकल्पों पर तत्काल कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को ग्राउंड जीरो पर पहुंचकर वास्तविक स्थिति एवं नुकसान का स्वयं आकलन करने को कहा, ताकि राहत और पुनर्व्यवस्था से जुड़े कार्यों में किसी प्रकार की देरी न हो। बदलते मौसम और बढ़ते जलप्रवाह को देखते हुए मुख्यमंत्री ने निचले क्षेत्रों तथा नदी—नालों के आसपास विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि लोगों की सुरक्षा सर्वाेच्च प्राथमिकता है। संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी की जाए और आवश्यकता पड़ने पर लोगों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की पूरी तैयारी रखी जाए। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र से भी चमोली सहित प्रदेश के सभी संवेदनशील क्षेत्रों पर 24 घंटे नजर रखी जा रही है। जिला प्रशासन एवं संबंधित विभागों के साथ लगातार समन्वय किया जा रहा है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में राहत एवं बचाव दलों को तत्काल सक्रिय किया जा सके। सोमवार को चमोली जनपद के ज्योतिर्मठ—मलारी मोटर मार्ग पर तमकनाला में अचानक अत्यधिक जलप्रवाह बढ़ने के कारण 123 बीआरटीएफ, सुराईथोटा द्वारा निर्मित बेली ब्रिज बह गया था। तेज बहाव की चपेट में एक व्यक्ति और एक कैंपर वाहन के बहने की सूचना भी प्राप्त हुई थी। घटना की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली और राहत—बचाव कार्यों को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। एसडीआरएफ एवं एनडीआरएफ की टीमों को तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। स्थानीय प्रशासन, पुलिस एवं संबंधित विभागों की टीमें भी मौके पर राहत एवं बचाव कार्यों में जुटी हैं। तमकनाला की घटना के बाद सरकार की प्राथमिकता केवल राहत एवं बचाव कार्यों तक सीमित नहीं है। प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुओं की निर्बाध आपूर्ति, वैकल्पिक कनेक्टिविटी और आवाजाही की शीघ्र बहाली पर भी समान रूप से काम किया जा रहा है।मुख्यमंत्री धामी की लगातार मॉनिटरिंग और अधिकारियों को ग्राउंड जीरो पर पहुंचकर त्वरित निर्णय लेने के निर्देश राज्य सरकार की प्रो—एक्टिव आपदा प्रबंधन नीति को दर्शाते हैं। प्राकृतिक आपदाओं को रोका नहीं जा सकता, लेकिन समय पर सतर्कता, बेहतर समन्वय और त्वरित प्रशासनिक कार्रवाई से उनके प्रभाव को कम किया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि कठिन परिस्थितियों में प्रत्येक नागरिक की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ प्रभावित क्षेत्रों में जल्द से जल्द सामान्य स्थिति बहाल करना सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता है।
August 11, 2026चुराये गये 13 दुपहिया वाहन बरामद देहरादून। दुपहिया वाहन चोर गिरोह का खुलासा करते हुए पुलिस ने दो शातिरों को गिरफ्तार कर लिया है। जिनके पास से चुराये गये 7 बुलेट मोटरसाइकल सहित 13 दुपहिया वाहन बरामद हुए है। आरोपी पुलिस से बचने के लिये घटना के बाद वाहनों की नम्बर प्लेट हटाकर गली मोहल्लों के रास्ते फरार हो जाते थे।जानकारी के अनुसार बीते दिनों आदित्य पुत्र विरेन्द्र निवासी चन्द्रबनी चोयला पटेलनगर देहरादून द्वारा अपनी बुलेट राँयल इनफिल्ड तथा दीपक सिंघल निवासी शक्ति विहार माजरा देहरादून द्वारा अपनी बुलट राँयल इनफील्ड के चोरी होने के सम्बन्ध कोतवाली पटेलनगर में मुकदमा दर्ज कराया गया था। जिस पर पुलिस ने चोरो की तलाश शुरू कर दी गयी। चोरो की तलाश में जुटी पुलिस टीमों द्वारा घटना स्थलों का निरीक्षण कर आस—पास आने जाने वाले मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेजों का अवलोकन किया गया। साथ ही पूर्व में वाहन चोरी की घटनाओं में प्रकाश में आये आरोपियों की अध्यतन स्थिती की जानकारी कर उनका भौतिक सत्यापन किया गया। पुलिस द्वारा लगातार किये जा रहे प्रयासों से बीते रोज एक सूचना के बाद चलाये गये चैकिंग अभियान के दौरान हरिद्वार बाईपास रोड कबाडी बाजार के पास नव निर्मित सडक से वाहन चोरी की घटनाओ में शामिल दो आरोपियों को चोरी की 2 बुलेट मोटर साईकिलो के साथ गिरफ्तार किया गया। जिन्होने पूछताछ में अपना नाम विवेक सिंह विश्नोई पुत्र धनवीर सिंह विश्नोई निवासी निकट लखेड़ा टैंट हाउस, श्यामपुर कांगड़ी, थाना श्यामपुर, जिला हरिद्वार व गुरप्रीत सिंह पुत्र कुलवंत सिंह निवासी ग्राम टाटवाला श्यामपुर कांगड़ी, थाना श्यामपुर, जिला हरिद्वार बताया। आरोपियों द्वारा देहरादून के अलग—अलग स्थानों से अन्य बुलेट मोटर साईकिलें व दोपहिया वाहनों को चोरी करना स्वीकार किया गया। जिनकी निशानदेही पर पुलिस द्वारा 5 अन्य राँयल इनफील्ड बुलट मोटर साईकिल सहित चोरी के कुल 13 दो पहिया वाहन बरामद किये गये। आरोपियों द्वारा चोरी के 2 अन्य दो पहिया वाहनों, जिसमें 1 राँयल इनफील्ड मोटर साईकिल के थाना श्यामपुर हरिद्वार व 1 अन्य वाहन के पानीपत हरियाणा में पुलिस द्वारा सीज किये जाने की जानकारी दी गई, जिनकी बरामदगी हेतु टीम रवाना की गई है। आरोपियों ने बताया कि उनके द्वारा योजना बनाकर अलग—अलग स्थानों पर घूमते हुए सुनसान जगहों पर खडे दो पहिया वाहनों को चिन्हित किया जाता है तथा मौका देखकर वहां चोरी की घटनाओ को अंजाम दिया जाता है। घटना के बाद पुलिस को गुमराह करने के लिये आरोपी चोरी के वाहनों से नम्बर प्लेट को हटाकर उन्हें गली—मोहल्लों के बीच से ले जाते हुए पूर्व में चिन्हित किये गये स्थान पर खडा कर देते थे तथा सही ग्राहक मिलने पर वाहनों को उन्हें बेच देते थे। अपने खर्चों की पूर्ति के लिये आरोपियों द्वारा वाहनों की नम्बर प्लेट हटाकर उन्हें अपनी पहचान के लेागों को किराये पर भी दिया जाता था। आरोपियों की योजना चोरी के उक्त सभी वाहनों को बाहर ले जाकर बेचने की थी , जिसके लिये वे ग्राहकों की तलाश कर रहे थे।
August 11, 2026देहरादून। राज्य में वन्य जीवो का आंतक थमने का नाम नही ले रहा है। देहरादून के थानों क्षेत्र में हाथियों की दहशत एक बार फिर बीती शाम को भी देखी गयी। बड़ासी ग्रांट में दूध लेने गई एक महिला को हाथी ने पटक कर बुरी तरह घायल कर दिया, अस्पताल में उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। जानकारी के अनुसार बीती शाम करीब 7 बजे बड़ासी ग्रांट में 37 वर्षीय अंजली गुप्ता दूध लेकर घर लौट रही थी। इसी दौरान जंगली हाथी ने महिला पर हमला कर दिया जिसमें वह गम्भीर रूप से घायल हो गयी। गंभीर हालत में महिला को सीएमआई अस्पताल लाया गया, जहां कुछ देर बाद महिला ने दम तोड़ दिया। महिला की मौत के बाद क्षेत्र में शोक के साथ ग्रामीणों का गुस्सा भी बढ़ गया है। ग्रामीणों का कहना है कि थानों क्षेत्र के जंगल से सटे गांवों में लंबे समय से हाथियों की आवाजाही बनी हुई है। इसके बावजूद सुरक्षा के स्थायी इंतजाम नहीं किए जा रहे हैं। ग्रामीणों के मुताबिक, 15 जनवरी को थानों में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में भी सोलर फेंसिंग की मांग उठाई गई थी, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। घटना से पहले दिन में सौड़ा सरोली के खेतों में भी हाथी दिखाई दिया था।
August 11, 2026टौंस और यमुना चेतावनी स्तर के करीब उत्तरकाशी। उत्तरकाशी में बीती रात से आज सुबह तक कई क्षेत्रों में बारिश का दौर जारी रहा। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र की ओर से आज सुबह 8 बजे जारी रिपोर्ट के अनुसार जिला मुख्यालय में सर्वाधिक 53 मिमी बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा मोरी में 42 मिमी, बड़कोट में 26 मिमी, भटवाड़ी में 23 मिमी, चिन्यालीसौड़ और पुरोला में 20—20 मिमी तथा डुण्डा में 10 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई।बारिश के बीच जिले की प्रमुख नदियों के जलस्तर पर भी प्रशासन की नजर बनी हुई है। सुबह 8 बजे के आंकड़ों के अनुसार टौंस नदी मोरी में 1266.71 मीटर पर बह रही थी, जबकि इसका चेतावनी स्तर 1267 मीटर है। यानी नदी चेतावनी स्तर से महज 0.29 मीटर नीचे है। इसी तरह यमुना नदी नौगांव में 1058.95 मीटर दर्ज की गई, जो 1059 मीटर के चेतावनी स्तर से महज 0.05 मीटर नीचे है। कुथनौर में यमुना का जलस्तर 1427.32 मीटर दर्ज हुआ। भागीरथी नदी का जलस्तर तिलोथ पुल पर 1120.80 मीटर रहा, जबकि चेतावनी स्तर 1122 मीटर है। हर्षिल में भागीरथी 2492.71 मीटर पर दर्ज की गई। पुरोला में कमल नदी का जलस्तर 1196.90 मीटर रहा।बारिश के कारण यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर पालीगाड, सिलाई बैंड, दुर्बिल और बनास के पास मलबा एवं पत्थर आने से यातायात बाधित है। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की टीम द्वारा मार्ग खोलने की कार्रवाई की जा रही है। वहीं गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात सुचारू बताया गया है। फिलहाल जनपद में किसी बड़े नुकसान की सूचना नहीं है और स्थिति सामान्य है।