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सैन्य धाम पर सवाल, क्या पीएम करेंगे उद्घाटन!

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  • अब तक सैन्य धाम पर 92 करोड़ खर्च हो चुका है
  • रजत जयंती समारोह समापन पर उद्घाटन की योजना

देहरादून। यूं तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2019 में जब उत्तराखंड में चार धाम के अतिरिक्त एक और पांचवा धाम होने की बात कहते हुए सैन्य धाम बनाने की घोषणा की गई थी तो सैन्य प्रधान राज्य उत्तराखंड के लोगों ने इसका दिल खोलकर स्वागत भी किया था तथा चुनाव में भाजपा को इसका पूरा लाभ भी मिला था लेकिन यही सैन्य धाम अब जब बनकर तैयार हो चुका है और राज्य की रजत जयंती समारोह के समापन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आने और सैन्य धाम के उद्घाटन करने की चर्चाएं जोरों पर है इस सैन्य धाम के निर्माण पर फिर से सवाल उठाये जा रहे हैं। ऐसे में प्रधानमंत्री राज्य के पांचवें धाम सैन्य धाम का उद्घाटन करने आएंगे? इस पर भी सवाल उठ रहे हैं।
विपक्षी दल कांग्रेस के नेता इस सैन्य धाम के निर्माण में होने वाली अनियमितताओं पर पहले से ही सवाल उठाते रहे है। यह मुद्दा हाईकोर्ट तक जा चुका है लेकिन इसका निर्माण किसी भी स्थिति में पूरा कर तो लिया गया है लेकिन अब एडवोकेट विकेश नेगी ने प्रधानमंत्री कार्यालय को पत्र लिखकर इसके निर्माण में हुई अनियमिताओं और भ्रष्टाचार का जिक्र करते हुए कहा है कि जिस भूमि पर इस सैन्य धाम का निर्माण किया गया है वह भूमि रिजर्व फॉरेस्ट की है जिसे नियमानुसार स्थानांतरित नहीं किया जा सकता है। उन्होंने इसकी डीपीआर और निर्माणदाई संस्था पर सवाल उठाते हुए इसमें होने वाले भ्रष्टाचार का भी जिक्र किया है तथा इससे संबंधित दस्तावेज भी पत्र के साथ संलग्न किए गए हैं। विकेश नेगी का कहना है कि पीएम मोदी जो हमेशा भ्रष्टाचार के खिलाफ बोलते हैं प्रदेश भाजपा के नेता उन्हीं से भ्रष्टाचार से बने इस सैन्य धाम की इमारत का उद्घाटन करा कर उस पर लीपा पोती करने के प्रयास किये जा रहे है।
इन तमाम गंभीर आरोपों के बीच प्रधानमंत्री कार्यालय उनके इस पत्र पर कोई संज्ञान लेता है या नहीं तथा प्रधानमंत्री जो रजत जयंती समारोह का समापन करने के लिए उत्तराखंड आने वाले हैं वह सैन्य धाम का उद्घाटन करते हैं या नहीं इसकी कोई पुस्ट जानकारी पीएमओ से नहीं मिली है लेकिन इसे लेकर राजनीतिक हल्को में चर्चाओं का बाजार जरूर गर्म हो चुका है। सैन्य धाम का आमतौर पर कोई दल या नेता मुखर विरोध इसलिए भी नहीं कर सकता है क्योंकि सैन्य परिवारों के वोटों का मुद्दा सीधे तौर पर सैन्य धाम से जुड़ा हुआ है लेकिन विकेश नेगी के पत्र के बाद यदि उनके आरोपों में दम है तो फिर पीएमओ भी इस पर सोचने पर विवश हो सकता है। इस सैन्य धाम निर्माण में अब तक 92 करोड़ का खर्च आ चुका है।

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