चंडीगढ़। मोहाली की एक स्थानीय अदालत ने येशू-येशू वाले ईसाई धर्मगुरु पादरी बजिंदर सिंह को रेप केस में उम्रकैद की सजा सुना दी। बजिंदर को कोर्ट ने 3 दिन पहले दोषी करार दिया था। इसके बाद उसे पटियाला जेल में बंद कर दिया गया था। बजिंदर पर आरोप है कि वह विदेश में बसाने के बहाने महिला को अपने घर ले गया। जहां उसका रेप कर वीडियो बनाया। उसे धमकी भी दी कि अगर उसका विरोध किया तो वीडियो को सोशल मीडिया पर डाल देगा। इस मामले में पीड़ित के वकील ने बताया कि कोर्ट ने बजिंदर को सजा सुनाते हुए कहा कि उसे अंतिम सांस तक जेल में रहना होगा।
सजा से बचने के लिए पादरी बजिंदर सिंह गिड़गिड़ाते हुए परिवार की दोहाई देते हुए बोला-उसके छोटे-छोटे बच्चे हैं। पत्नी बीमार है। वह सोशल आदमी है। उसकी टांग में रॉड पड़ी हुई है, इसलिए उस पर रहम किया जाए। मगर कोर्ट ने उसकी दलीलों को खारिज कर दिया। वहीं पीड़िता ने सजा पर संतुष्टि जताते हुए कहा- ये केस 7 साल से दबा हुआ था। मगर उनके वकीलों, पुलिस और कोर्ट ने इसमें जान डाल दी। यह सजा ऐसे समय पर हुई है, जब बजिंदर सिंह एक और यौन उत्पीड़न और एक अन्य महिला से मारपीट के मामलों में फंसा हुआ है।
दरअसल बजिंदर सिंह पर 2018 में रेप, मारपीट और धमकी देने के मामले में मोहाली के जीरकपुर थाने में केस दर्ज हुआ था। महिला का कहना था कि वह विदेश में बसना चाहती थी। इसके लिए उसने बजिंदर से संपर्क किया। बजिंदर उसे मोहाली स्थित अपने सेक्टर 63 स्थित घर में ले गया। जहां उसके साथ रेप कर वीडियो बनाया। इस मामले में केस दर्ज होने के बाद 2018 में ही बजिंदर सिंह को दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया था। बाद में बजिंदर को जेल से जमानत पर छोड़ा गया।




