- आपदा प्रभावितों से मिलकर जाना हाल
- राज्य के अधिकारी भी टीम के साथ रहे
- राज्य ने की केंद्र से 5702 करोड़ की मांग
देहरादून। आपदा काल में हुए नुकसान का जायजा लेने दून पहुंची अंतर मंत्रालय की केंद्रीय टीम ने आज सुबह राज्य के अधिकारियों के साथ बैठक की और मानसूनी आपदा से हुए नुकसान की जानकारी हासिल की। जिसके बाद टीम आपदा ग्रस्त क्षेत्रों के स्थलीय निरीक्षण के लिए उत्तरकाशी रवाना हो गई है। केंद्रीय टीम के साथ राज्य के अधिकारी भी गए हैं। टीम द्वारा क्षति का आकलन किया जाएगा, जिसके आधार पर राज्य को दी जाने वाली आर्थिक मदद पर फैसला लिया जाएगा।
इस टीम का नेतृत्व संयुक्त सचिव गृह आर. प्रसन्ना कर रहे हैं। उनके साथ 6 सदस्यीय टीम आज सुबह दून पहुंची थी। आपदा सचिव विनोद कुमार सुमन ने इस टीम को आज राज्य आपदा परिचालन केंद्र में एक प्रस्तुतिकरण दिया गया। जिसमें सभी प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति से अवगत कराया गया। जिसके बाद केंद्रीय टीम उत्तरकाशी व रुद्रप्रयाग के लिए रवाना हो गई। यह टीम प्रभावित सभी जिलों जिसमें चमोली, पौड़ी, बागेश्वर तथा नैनीताल व अल्मोड़ा शामिल है, दौरा कर स्थलीय निरीक्षण कर नुकसान का आकलन किया जाएगा।
प्राप्त जानकारी के अनुसार केंद्रीय टीम उत्तरकाशी के धराली पहुंच चुकी है। जहां 5 अक्टूबर को खीर गंगा ने भारी तबाही मचाई थी। टीम के सदस्यों द्वारा आपदा प्रभावितों से बातचीत कर उनकी आपबीती सुनी गई। लोगों ने टीम के सदस्यों को बताया कैसे कुछ ही मिनट में उनका सब कुछ घर मकान होटल और दुकान मलबे में दब गए। और लोग जिंदा दफन हो गए। केंद्रीय टीम द्वारा धराली—थराली ही नहीं अन्य सभी उन जगहों का स्थलीय निरीक्षण भी किया जाएगा जहां—जहां लोगों के जान माल का नुकसान हुआ है। वह चाह ेहर्षिल हो या फिर गंगोत्री या स्यानाचटृी। सभी जनपदों में टीम नुकसान का आकलन करेगी।
उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार द्वारा केंद्र से 5702 करोड़ की आर्थिक सहायता देने का प्रस्ताव भेजा गया था कल शाम तक यह टीम स्थलीय निरीक्षण कर दिल्ली वापस लौटेगी। जिसके बाद इस टीम की रिपोर्ट के आधार पर गृह मंत्रालय की एक अन्य टीम आकर निरीक्षण करने के बाद सहायता राशि पर फैसला करेगी कि राज्य को कितनी मदद की जरूरत है।




