नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में सोमवार को नक्सलियों द्वारा लगाए गए एक आईईडी विस्फोट में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी शहीद हो गए और कई अन्य कर्मी घायल हो गए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (कोंटा डिवीजन) आकाश राव गिरीपुंजे को गंभीर रूप से घायल हुए थे, जिसके बाद वे शहीद हो गए। घायलों को कोंटा अस्पताल ले जाया गया है, यह घटना नक्सलियों द्वारा बुलाए गए बंद के मद्देनजर की गई गश्त के दौरान हुई।
ब्लास्ट की यह घटना सुबह 9 से 10 बजे के बीच की बताई जा रही है। एएसपी आकाश राव गिरीपुंजे सीपीआईएम (माले)द्वारा 10 जून को भारत बंद के आह्वान के मद्देनजर किसी भी तरह की नक्सली घटना को रोकने के लिए क्षेत्र में पैदल गश्त पर थे।
छत्तीसगढ़ के डिप्टी सीएम विजय शामरा ने इस घटना को लेकर कहा कि एएसपी सुकमा, आकाश राव गिरिपंजे ने कोंटा-एर्राबोरा रोड पर डोंड्रा के पास एक आईईडी विस्फोट के कारण घायल होने के बाद अपने प्राणों की आहुति दे दी। वह एक बहादुर जवान थे और उन्हें कई वीरता पुरस्कार दिए गए थे। यह हमारे लिए एक दुखद क्षण है। तलाशी और अभियान शुरू कर दिया गया है।
नक्सलियों की तरफ से सुरक्षाबलों को निशाना बनाकर किए जा रहे इस प्रकार के हमले राज्य में नक्सल विरोधी अभियान के लिए चुनौतियां बनी हुई है। हालांकि सुरक्षाबलों को मिल रही लगातार संगठन से नक्सलियों की बौखलाहट साफ नजर आ रही है। मार्च 2026 तक नक्सलवाद के खात्मे को लेकर नक्सलियों द्वारा लगाई गई आईडी ही अब एक बड़ी चुनौती बनी हुई है।




