May 18, 2026देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एचडीएफसी बैंक द्वारा प्रदत्त चार अत्याधुनिक एम्बलेंस का फ्लैग ऑफ किया।आज यहां मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय से एचडीएफसी बैंक की कॉर्पाेरेट सामाजिक उत्तरदायित्व पहल के अंतर्गत जनहित के लिए प्रदान की गई 4 अत्याधुनिक एम्बुलेंस का फ्लैग ऑफ किया। यह पहल राज्य के दूरस्थ एवं पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। निजी संस्थाओं द्वारा जनहित में किया जा रहा सहयोग सामाजिक उत्तरदायित्व का उत्कृष्ट उदाहरण है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के पर्वतीय एवं दूरस्थ क्षेत्रों में समय पर स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता अत्यंत आवश्यक है। एचडीएफसी बैंक द्वारा सीएसआर के माध्यम से उपलब्ध कराई गईं ये एम्बुलेंस जरूरतमंद लोगों तक त्वरित चिकित्सा सहायता पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। राज्य सरकार जनभागीदारी एवं संस्थागत सहयोग के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।मुख्यमंत्री ने एचडीएफसी बैंक की इस जनकल्याणकारी पहल की सराहना करते हुए कहा कि बड़े धार्मिक आयोजनों, आपदा की स्थितियों तथा दूरस्थ क्षेत्रों में ऐसी सेवाएं अत्यंत उपयोगी सिद्ध होंगी। मुख्यमंत्री ने राज्य के अन्य पर्वतीय जनपदों और आगामी हरिद्वार कुंभ के लिए भी एचडीएफसी बैंक से सीएसआर के माध्यम से और एम्बुलेंस उपलब्ध कराने की अपेक्षा की है। बैंक अधिकारियों ने अवगत कराया कि इन एम्बुलेंस में आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं एवं आवश्यक आपातकालीन उपकरण उपलब्ध हैं, जिससे जरूरतमंद मरीजों को समय पर उपचार उपलब्ध कराया जा सकेगा। साथ ही आगामी तीन वर्षों तक प्रत्येक एम्बुलेंस में चिकित्सक, नर्स, अटेंडेंट एवं चालक की व्यवस्था भी बैंक द्वारा सुनिश्चित की जाएगी।प्रारंभिक चरण में ये एम्बुलेंस चमोली, चंपावत, पिथौरागढ़ एवं रुद्रप्रयाग जनपदों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करेंगी तथा भविष्य में राज्य के प्रमुख धार्मिक आयोजनों एवं आपदा प्रबंधन कार्यों में भी इनका उपयोग किया जाएगा। इस अवसर पर विधायक राजकुमार पोरी, विनोद कंडारी,अपर सचिव मनमोहन मैनाली, एचडीएफसी बैंक के से मुस्कान सिंह (ब्रांच बैंकिंग हेड— नॉर्थ 3), संजीव कौशिक (रीजनल हेड— नॉर्थ 3), जोनल हेड उत्तराखंड बकुल सिक्का, स्टेट हेड उत्तराखंड गौरव जैन एवं आयुष सिंघल मौजूद थे।
May 18, 2026देहरादून। श्रमिकों की आड में उपद्रव करने वाले तीन उपद्रवियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।आज यहां डिक्सन फैक्ट्री में श्रमिकों द्वारा अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा था, जिसमें श्रमिकों की आड़ में कुछ उपद्रवी लोगों द्वारा फैक्ट्री परिसर व पुलिस पर पथराव किया गया। जिसके संबंध में थाना सेलाकुई पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था, उक्त घटना में शामिल उपद्रवियों की गिरफ्तारी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा थानाध्यक्ष सेलाकुई को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। पुलिस टीम को सूचना प्राप्त हुई कि कुछ लोग संगठित होकर कम्पनियों व मोहल्लो में जाकर, कम्पनियों में कार्य करने वाले श्रमिकों को भड़का रहे है और काम पर जाने वाले लोगो को काम में जाने से रोकने के लिए उनके साथ जोर जबरदस्ती कर मारपीट पर उतारु हो रहे है। उक्त व्यक्तियों में से कुछ पूर्व में पत्थरबाजी की घटना में भी शामिल थे। उक्त सूचना पर पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुँचा, मौके पर कुछ व्यक्तियों द्वारा एकराय व संगठित होकर शान्ति एवं कानून व्यवस्था भंग करने का प्रयास किया जा रहा था, जो किसी प्रकार का संज्ञेय अपराध कारित कर सकते थे तथा पुनः पत्थर बाजी जैसी घटना व किसी अन्य प्रकार से लोक प्रशान्ति एवं कानून व्यवस्था की स्थिति उत्पन्न कर सकते थे, जिस पर पुलिस द्वारा मौके से 03 व्यक्तियों को ऑपरेशन प्रहार के अन्तर्गत धारा 170 बीएनएसएस में गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उन्होंने अपने नाम सलमान पुत्र गुलशेर निवासी अंबेडकर कालोनी जमनपुर, सेलाकुई, तैयब पुत्र आशिक खान निवासी कोरोकैय्या, थाना सिनौली, जिला शाहजहांपुर, उ.प्र. हाल पता जमनपुर, सेलाकुई, अजीम पुत्र वसीम अंसारी निवासी बहादरपुर, थाना मोहम्मदी, जिला लखीमपुर खीरी, उ.प्र. हाल पता जमनपुर, सेलाकुई बताया।
May 18, 2026जल पुलिस और गोताखोर तलाश में जुटे हरिद्वार। बीमारी से जूझ रहे एक युवक ने मेहवड़—कलियर के बीच गंगनहर में छलांग लगा दी। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने जल पुलिस और गोताखोरों की टीम के साथ युवक की तलाश शुरू कर दी है।जानकारी के अनुसार कासगंज अलीगढ़ उत्तर प्रदेश निवासी हेम सिंह (32) पिछले कुछ समय से किडनी की गंभीर बीमारी से ग्रसित था। वह अपने भाई ओम शंकर के साथ बाइक से उपचार के लिए ऋषिकेश एम्स जा रहा था। बताया जा रहा है कि मेहवड़—कलियर के बीच निर्माणाधीन पुल के पास पहुंचने पर हेम सिंह ने भाई से टॉयलेट जाने की बात कहकर बाइक रुकवाई और इसी दौरान उसने अचानक गंगनहर में छलांग लगा दी। भाई ओम शंकर ने शोर मचाते हुए उसे बचाने का प्रयास किया। लेकिन तेज बहाव के चलते युवक देखते ही देखते पानी में डुबकर लापता हो गया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जल पुलिस व गोताखोरों की मदद से सर्च अभियान शुरू कराया। कोतवाली प्रभारी कमल मोहन भंडारी ने बताया कि गंगनहर में डूबकर लापता हुए युवक की तलाश की जा रही है।
May 18, 2026देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की सत्ता संभालने से ही जिस तरह बड़ी—बड़ी बातें, वायदे और दावे किए भाजपा के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने ट्टमोदी है तो मुमकिन है’ के नारे के जरिए इसे इस कदर हवा दी गई कि देश के लोग तो भ्रमित हो ही गए खुद नरेंद्र मोदी भी स्वयं की उत्पत्ति को नॉन बायोलॉजिक घोषित की भ्रांति का शिकार हो गए। सत्ता के शीर्ष पर बैठे किसी व्यक्ति को अगर अपने भगवान होने का भरम पैदा हो जाए तो इसके क्या परिणाम होंगे वर्तमान की राजनीतिक और सामाजिक स्थितियां इसकी गवाही दे रही है हास्यास्पद बात यह है कि देश पर आए बड़े आर्थिक संकट की बात कहकर और राष्ट्रवाद के नाम पर जनता से अपने सुख तथा संसाधनों के त्याग की अपील करने के बाद पांच देशों की यात्रा पर निकले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नीदरलैंड में लोगों को संबोधित करते हुए जिस तरह भारत के विकास और देश के युवाओं के लिए लिमिटलेस एफर्ट का उपदेश दिया और भारत के विश्व गुरु होने की बात कही उस पर भले ही नीदरलैंड के लोग तालियां बजा रहे हो लेकिन देश के लोग उनका मजाक बना रहे हैं। लोग सोच रहे हैं कि पीएम मोदी कैसे इतने बड़े—बड़े झूठ बोल लेते हैं? एक तरफ देश के युवा रोजगार के लिए धक्के खा रहे हैं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सरकारी सेवाओं के लिए होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक हो रहे हैं और युवा आत्महत्याए करने पर मजबूर हो रहे हैं? अभी—अभी नीट की परीक्षा का प्रश्न पत्र लीक होने से कोहराम मचा हुआ है। गोवा के एक छात्र ने आत्महत्या से पूर्व अपने सुसाइड नोट में लिखा है कि अब वह कोई प्रतियोगी परीक्षा नहीं देगा। इस छात्र का यह अंतिम प्रयास था जो पेपर लीक होने के कारण रद्द की गई परीक्षा के वजह से बेकार चला गया उसका दर्द न तो सरकार समझ सकी न ही वह सिस्टम जो भाजपा की सरकार द्वारा बनाया गया है। उसके परिवार का दर्द जिसने अपने 22 साल के पढ़े लिखे बच्चे को खो दिया प्रधानमंत्री मोदी का भाषण जले पर नमक छिड़कने से कम नहीं है। नेता विपक्ष राहुल गांधी ने नीट की परीक्षा रद्द किए जाने और पेपर लीक मामले को लेकर अपने एक्स हैंडल पर जो पोस्ट लिखी गई है काबिले गौर है अब तक 80 से अधिक प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक होने की बात लिखते हुए उनके द्वारा भाजपा तथा संघ द्वारा तैयार किए गए उस नेक्सस पर उन्होंने तीखा वार किया है जिसने देश के एजुकेशन सिस्टम और प्रतियोगी परीक्षा को कमाई का धंधा बना दिया गया है। प्रधानमंत्री मोदी ने युवाओं को 2 करोड़ हर साल रोजगार देने का वायदा किया था लेकिन वह 2 लाख को भी रोजगार नहीं दे सके हैं। कांग्रेस के नेता दिग्विजय सिंह ने सबसे पहले उन्हें जब फेकू प्रधानमंत्री कहा था तब तमाम भाजपा के नेताओं ने इसे प्रधानमंत्री की शान में गुस्ताखी बताया था। लेकिन अब सोशल मीडिया पर पीएम के झूठों की फेहरिस्त देखी जा सकती है सब कुछ सबके सामने है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भले ही भाजपा चुनाव दर चुनाव जीत रही हो लेकिन अब उनकी कितनी विश्वसनीयता शेष बची है? इसे अब भाजपा के नेता भी जान चुके हैं जनता की बात तो छोड़ ही दीजिए। हैरता की बात यह है कि उनके द्वारा अभी भी लंबी—लंबी फेंकने में कोई कमी नहीं की जा रही। विकसित भारत और पांच ट्रिपलिन वाली इकोनामी तथा युवाओं के युक्त देश की तस्वीर। इससे बड़ी और दूसरी कोई विडंबना भला क्या हो सकती है। यह भी इसलिए संभव है क्योंकि मोदी है तो मुमकिन है।
May 18, 2026देहरादून। पुष्कर सिंह धामी ने बीते चार साल में सरकारी सेवा में चयनित हुए कार्मिकों को डिजिटल माध्यम से पत्र लिखकर, उन्हें उज्जवल भविष्य के लिए शुभकानाएं प्रेषित की है।आज यहां मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बीते चार साल में सरकारी सेवा में चयनित हुए कार्मिकों को डिजिटल माध्यम से पत्र लिखकर, उन्हें उज्जवल भविष्य के लिए शुभकानाएं प्रेषित की है। मुख्यमंत्री धामी ने पत्र में कहा है कि उत्तराखण्ड की जनता द्वारा उन्हें वर्ष 2022 में दूसरी बार मुख्य सेवक का दायित्व सौंपा गया था। इस जनादेश की भावना के अनुसार कार्यभार ग्रहण करने के दिन से ही प्रदेश में बेरोजगारी की समस्या को समाप्त करने के लिए, सरकारी विभागों में रिक्त पदों पर भर्ती का व्यापक अभियान शुरु किया गया। इसके बाद बीते चार साल में राज्य सरकार द्वारा लगभग 30 हजार से अधिक युवाओं को राजकीय सेवक के रूप में नियुक्ति प्रदान की जा चुकी है, यह अभियान आगे भी जारी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पत्र में कहा है कि अब युवा अपनी शानदार प्रतिभा और कठोर मेहनत के आधार पर राजकीय सेवा में चयनित हो रहे हैं। इस योग्यतम चयन में जहाँ एक ओर युवाओं की मेहनत और प्रतिभा का योगदान है, वहीं राज्य सरकार के कठोर नकल विरोधी कानून के साथ ही निष्पक्ष, ईमानदार और पारदर्शी चयन प्रक्रिया ने भी युवा प्रतिभा को उचित सम्मान मिलना सुनिश्चित किया है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि उत्तराखण्ड राज्य के राजकीय सेवक के रूप में चयन होना सभी कार्मिकों के परिवार के साथ ही राज्य सरकार के लिए भी अत्यन्त महत्वपूर्ण है। उन्होंने चयनित कार्मिकों से निष्पक्ष एवं ईमानदार रहकर अपने राजकीय दायित्वों का निर्वहन करने की अपील करते हुए कहा है कि राजकीय सेवक के रूप में वो मानवीय मूल्यों के साथ आमजन की सेवा में हमेशा तत्पर रहें। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कई चयनित युवाओं से दूरभाष पर बात कर, उन्हें उत्साह पूर्वक जनसेवा में योगदान देने की भी अपील की है।
May 17, 2026देहरादून। जिलाधिकारी सविन बंसल की अध्यक्षता में ऋषिपर्णा सभागार कलेक्टेªट में राज्य आन्दोलनकारियों के चिन्हीकरण के सम्बन्ध में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक सौहार्दपूर्ण एवं सकारात्मक वातावरण में सम्पन्न हुई, जिसमें राज्य आन्दोलनकारियों से जुड़े विभिन्न लंबित प्रकरणों पर विस्तृत चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने बैठक में उपस्थित एक-एक आंदोलनकारियों के बारी-बारी से सुझाव सुने तथा उनकी शंकाओं का भी समाधान किया। बैठक में जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि अपनी-अपनी तहसीलों में लंबित समस्त चिन्हीकरण प्रकरणों एवं सूचियों पर गंभीरता से कार्यवाही करते हुए 07 दिवस के भीतर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने कहा कि राज्य आन्दोलनकारियों से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी तथा प्रत्येक प्रकरण का पारदर्शी एवं तथ्यपरक परीक्षण किया जाए। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि चिन्हीकरण प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी एवं सहभागी बनाने के लिए संबंधित क्षेत्रीय आन्दोलनकारी समिति के सदस्यों को भी प्रक्रिया में सम्मिलित किया जाए, जिससे वास्तविक आन्दोलनकारियों के मामलों का निष्पक्ष परीक्षण सुनिश्चित हो सके। उन्होंने संबंधित विभागों को भी निर्देशित किया गया कि वे अपने स्तर पर लंबित मामलों से संबंधित आख्या एवं अभिलेख 07 दिवस के भीतर उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि यदि कोई विभाग निर्धारित समय-सीमा के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं करता है तो संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी। ज्ञातब्य है कि शासन द्वारा राज्य आन्दोलनकारियों के चिन्हीकरण हेतु वर्ष 2021 तक प्राप्त लंबित आवेदन पत्रों के निस्तारण के लिए 06 माह का समय विस्तार प्रदान किया गया है। जिला प्रशासन द्वारा इस अवधि के भीतर सभी लंबित प्रकरणों के त्वरित एवं न्यायसंगत निस्तारण हेतु गंभीरता से कार्यवाही प्रारम्भ कर दी गई है। जिन आंदोलनकारियों के रिकार्ड नहीं मिल रहे है ऐसे आंनदोलनकारियों को चिन्हित करने हेतु वरिष्ठ आंदोलनकारियों एवं समिति के सदस्यों द्वारा दिए गए शपथपत्र के माध्यम से चिन्हीकरण किए जाने हेतु जिला प्रशासन द्वारा शासन को अनुरोध पत्र प्रेषित किया गया है, जिस पर शासन स्तर से निर्णय होना है। बैठक में उपस्थित राज्य आन्दोलनकारियों ने चिन्हीकरण प्रक्रिया को गति देने एवं सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने के लिए जिलाधिकारी का आभार व्यक्त किया। आन्दोलनकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि जिलाधिकारी के कार्यकाल में लंबे समय से लंबित मामलों का समाधान होगा तथा पात्र आन्दोलनकारियों को न्याय मिल सकेगा। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, संयुक्त मजिस्टेªट राहुल आंनद, पुलिस अधीक्षक जया बलूनी, उप जिलाधिकारी कुमकुम जोशी, राज्य आंदोलनकारी सरोज डिमरी, उर्मिला शर्मा, निर्मला बिष्ट, पुष्पलता सिलमाना, जयप्रकाश उत्तराखण्डी, योगेश भट्ट, ओपी उनियाल, देवी गोदियाल, डीएस गुंसाई, विवेकानंद खण्डूरी आदि उपस्थित रहे।