- दीपनगर के ईश्वर विहार की घटना
- मृतक व घायल यूपी बरेली के
- 11 हजार केवी लाइन आबादी के बीच
देहरादून। राजधानी दून में आज एक निर्माणाधीन भवन में काम करने वाले तीन मजदूर उच्च तापीय विघुत लाइन के करंट की चपेट में आ गए। जिनमें से दो मजदूरों की मौत हो गई जबकि एक अन्य घायल की स्थिति नाजुक बनी है। जिसका अस्पताल में इलाज चल रहा है।
उल्लेखनीय है कि यह मजदूर दून यूनिवर्सिटी क्षेत्र (दीपनगर) के ईश्वर विहार में बन रहे एक बहुमंजिला भवन में निर्माण कार्य कर रहे थे। काम करने के दौरान इनमें से एक मजदूर द्वारा पकड़े हुए लोहे के तार से नजदीक से गुजर रही 11 हजार के.वी.की हाई वोल्टेज लाइन की तार छू गई। जिससे एक मजदूर करंट की चपेट में आ गया। करंट का प्रवाह इतना तेज था कि मजदूर बुरी तरह झुलस गया। अपने साथी को बचाने के लिए आगे आए उसके साथ काम करने वाले मजदूरों को यह समझ नहीं आया कि वह क्या करें रवि नाम के इस मजदूर को बचाने के चक्कर में दो अन्य मजदूर जिनके नाम राहुल और कृष्णपाल उर्फ सोनी बताया गया है, भी करंट की चपेट में आ गए। यह दोनों मजदूर भी लगभग 40 फीसदी तक झुलस गए। यह सभी मजदूर उत्तर प्रदेश के जिला बरेली के गांव बंजरिया के रहने वाले बताए गए हैं।
दुर्घटना के बाद क्षेत्र में अफरा—तफरी मच गई। स्थानीय लोगों द्वारा दुर्घटना की सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से दो घायल राहुल और सोनी को अस्पताल भेजा गया जबकि मृतक रवि का शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। बाद में घायलों में से एक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस द्वारा दुर्घटना की सूचना मृतकों व घायल के परिजनों को दे दी गई है। दुर्घटना के कारणों की जांच की जा रही है। उल्लेखनीय है कि इस आबादी क्षेत्र से 11 हजार केवी की हाई टेंशन लाइन गुजरती है। पहले यहां कभी खेत होते थे लेकिन अब आवासीय कॉलोनी बना दी गई। आवासीय क्षेत्र के बीच से जाने वाली कई हाई टेंशन लाइनों को बिना शिफ्ट किये ही आवासीय कॉलोनी के बसने के कारण इस तरह के हादसों की संभावनाएं हमेशा बनी रहती है।




