अतिक्रमण कराने वाले अधिकारियों पर कार्यवाही कब ?

0
2241

देहरादून। राजधानी देहरादून में बीते तीन सप्ताह से अतिक्रमण के खिलाफ अभियान जारी है। हाईकोर्ट के दिशा निर्देशों पर चल रहे इस अभियान का पूरा जिम्मा मुख्य सचिव उत्पल कुमार को सौंपा गया है तथा कोर्ट ने हर मामले के लिए उन्हें ही जवाब देय भी बनाया। अदालत ने इस काम के लिए शासन-प्रशासन को चार सप्ताह का समय दिया गया था जिसके तीन सप्ताह पूरे हो चुके हैं। लेकिन अभी इस काम का दसवा हिस्सा भी पूरा नहीं हुआ है। नगर निगम क्षेत्र में बसी 123 अवैध कालोनियों को हटाये जाने से लेकर अतिक्रमण के लिए जिम्मेवार अधिकारियों या यूं कहें कि अतिक्रमण कराने में सहयोग करने वाले अधिकारियों पर अभी कार्यवाही करने का अहम काम अभी भी बाकी है। सवाल यह है कि मुख्य सचिव इन अधिकारियों की खबर कब लेंगे। जिन्होंने खुद लाभ लेने के लिए या कुछ विशेष लोगों का लाभ दिलाने के लिए अपने कार्यकाल में नियम कानूनों को ताक पर रख कर काम किया।
यहां यह साफ कहा जा सकता था कि शहर के किसी भी हिस्से मे एक इंच जमीन भी अवैध रूप से नहीं कब्जा सकता है जब तक शासन-प्रशासन में बैठे लोगों की मिलीभगत नहीं होगी। दून में इतने व्यापक स्तर पर अगर अतिक्रमण हुआ है तो इसमें अधिकारियों की भी मिलीभगत है। हाईकोर्ट द्वारा 18 जून को जो दिशा निर्देश शासन को दिये गये हैं। उसके पैरा नं- 2 में मुख्य सचिव को साफतौर पर उन अधिकारियों के खिलाफ भी कार्यवाही करने का निर्देश दिया गया है जिनके कार्यकाल में निगम या सरकारी अथवा वन भूमि पर कब्जे हुए हैं। या प्रकाश में आये हैं। हाईकोर्ट ने मुख्यसचिव को कहा कि वह नोडल एजेंसी के माधयम से ऐसे सभी अधिकारियों के खिलाफ कार्यवाही सुनिश्चित करें भले ही वह वर्तमान में पद हों या सेवानिवृत्त हो चुके हों।
निगम क्षेत्र में बसी अवैध बस्तियों को हटाने में इसलिए विलम्ब हो सकता है क्योंकि हाईकोर्ट के निर्देशों के बाद सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें तीन सप्ताह का समय अपना पक्ष रखने के लिए के लिए दिया गया है लेकिन इन अधिकारियों की जांच और उन पर कार्यवाही में तो सुप्रीम कोर्ट ने आदेश भी कोई बाधा नहीं है ऐसी स्थिति में यह एक अहम सवाल उठता है कि मुख्य सचिव इन अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही कब करेंगे? हाईकोर्ट के आदेश में तो यह भी कहां गया है बख्शा किसी को नहीं जाना चाहिए चाहे वह किसी भी पद पर क्यों न हो।
अतिक्रमण कराने वालों पर भी हो कार्यवाहीः जोशी
देहरादून। अतिक्रमण हटाओं अभियान के तहत उन लोगों पर कार्यवाही हो रही है जिन्होंने अतिक्रमण कर रखा है यह अच्छी बात है लेकिन यह अतिक्रमण जिनकी शह पर हुआ था। जिन्होंने अतिक्रमण कराने में सहयोग किया उन पर अदालत की कार्यवाही करना चाहिए। अभी यह बात सत्ता पक्ष के विधायक गणेश जोशी द्वारा भी कहीं गई थी। उनका इशारा भी सत्ता में रहते हुए अतिक्रमण कराने वाले नेताओं और अधिकारियों की ओर ही था जिनके कारण दून में इतने व्यापक स्तर पर अतिक्रमण हुआ है उनकी मांग पर मुख्य सचिव को गौर करने की जरूरत है।

LEAVE A REPLY